🌱 दीमक
चना फसल में जड़ों को क्षति पहुँचाने वाला बहुभक्षी कीट
🐜 कीट की पहचान
दीमक स्वभाव से बहुभक्षी प्रकृति का कीट है। यह जमीन के नीचे मांद बनाकर
झुंड के रूप में कार्य करती है। यह जड़ों को काटकर उसके अन्दर रहती है।
🌱 जड़ों को नुकसान
दीमक जड़ों को काटकर उनके अन्दर रहती है।
👀 कीट की पहचान
क्षतिग्रस्त पौधों को उखाड़कर देखने से दीमक रेंगती हुई नजर आती है।
🌾 प्रभावित पौधा
ग्रसित पौधे खींचने से आसानी से बाहर निकल आते हैं।
🏠 रहने का स्थान
दीमक जमीन के नीचे मांद बनाकर झुंड के रूप में कार्य करती है।
🛡️ प्रबन्धन
💧 4 लीटर / हैक्टेयर
क्लोरपाइरीफॉस (20 ई.सी.)
दीमक के प्रकोप से बचने के लिये 4 लीटर क्लोरपाइरीफॉस (20 ई.सी.) प्रति हैक्टेयर की दर से सिंचाई के साथ डालना चाहिये।
🌾 4 मिली. / किलो बीज
बीज उपचार
बीजों को बुवाई से पूर्व 4 मिली. क्लोरपाइरीफॉस (20 ई.सी.) मात्रा को 50 मिली. पानी में घोलकर एक किलो बीज के हिसाब से उपचारित करना चाहिये।